ज्ञानवापी शिवलिंग

क्या ज्ञानवापी शिवलिंग की होगी पूजा कोरड ने सुनवाई को 21 तक किया -जानिए

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ज्ञानवापी शिवलिंग:-पिछले चार महीने हिन्दुओ के देव भगवान शिव का मुस्लिम सुमदाय ने घोर अपराध किया है उन्होंने भगवान शिव के शिवलिंग को अपने अल्लाह की मज्जिद के भीतर बने एक छोटे से तालाब में फेकर उसमे अपने पैर और मुह का पानी उस शिवलिंग के ऊपर फेकते थे। जिसको उन्होंने उनकी मज्जिद के अंदर बने तालाब में पकट रख रखा था। जब सरकार को इसका पता चला तो उसने तुरंत एक्शन लेकर इस पर कार्यवाही शुरू कर दी थी। आगे की जानकारी ले लिए हमारी वेबसाइट news7todays.comपर जुड़े रहे। यहाँ पर आपको हर नई खबर देखने को मिलेगी। ज्ञानवापी शिवलिंग

ज्ञानवापी में मिले भगवान शिवलिंग की पूजा को लेकर कोर्ट में याचिका दायर हुई थी। उसके लिए कोर्ट इस याचिका पर सुनवाई के लिए तैयार भी हो गया था लेकिन मुसलमानो ने इसका विरोध किया। जिसकी वजह से कोर्ट ने अपना फैसला आगे की तरफ बड़ा दिया था लेकिन अब कोर्ट ने 21 तारीख को अपना फैसला सुनाने की बात कही है। ज्ञानवापी शिवलिंग

कोर्ट ने 21 जुलाई को शिवलिंग की सुनवाई के लिए फैसला सुनाई थी। मुसलमानो के विरोध के लिए हिन्दुओ ने भी उनका खूब विरोध किया। कोर्ट ने शिवलिंग को कार्बन डेटिंग का फैसला भी लिया है। याचिका में कहा गया है कि कार्बन डेटिंग से पता चलेगा कि शिवलिंग कितना प्राचीन है. याचिका में सुप्रीम कोर्ट से ज्ञानवापी परिसर की जीपीएस पड़ताल यानी ग्राउंड पेनिट्रेटिंग रडार सिस्टम के जरिए भूमिगत परिस्थिति का पता लगाने का आदेश देने की मांग की गई है। ज्ञानवापी शिवलिंग

कोर्ट की और से जो फैसला जारी किया था उसमे लिखा गया है यह सावन का महीना है और ऐसे में यह भगवान शिव की पूजा का पवित्र महीना है। ऐसे में हिन्दुओ का अधिकार है की वे अपने भगवान की पूजा करे न की किसी मस्जिद की।ज्ञानवापी शिवलिंग

इसलिए हिन्दुओ ने ज्ञानवापी मंस्जिद में भगवान शिव के मंदिर के लिए जमीन मांगी है। भारत के संविधान के अनुच्छेद 25 में वर्णित ‘अंतरात्मा की स्वतंत्रता और धर्म के स्वतंत्र पेशे, अभ्यास और प्रचार की स्वतंत्रता’ के तहत हिंदुओं को अपने अधिकार का प्रयोग करने की अनुमति दी जा सकती है

हिन्दुओ के इस याचिका पर कोर्ट में लिखा गया है की हिन्दुओ को वहा पर शिवजी की पूजा करने के लिए आज्ञा दे। वाराणसी की जिला अदालत में इस मामले पर पहले से ही सुनवाई चल रही है.त्रिपाठी की ओर से ज्ञानवापी मस्जिद (Gyanvapi Mosque) परिसर में सर्वेक्षण के दौरान जिस जगह पर भगवान शिव का शिवलिंग मिला है उस जगह पर धार्मिक यज्ञ करने की बात भी करि है। याचिका में कहा गया है, ‘आवेदक वाराणसी कोर्ट द्वारा पारित आदेश के अनुसरण में किए गए सर्वेक्षण के दौरान पाए गए ‘शिवलिंग’ पर भारत के संविधान के तहत गारंटी हिन्दू अपने भगवान की पूजा के कोर्ट से याचिका कर रहे है।

वाराणसी की कोर्ट में इस संबंध में पहले ही सुनवाई चल रही है ?

इस याचिका में आगे कहा गया है कि सर्वेक्षण के दौरान मिले शिवलिंग को संबंधित अदालत द्वारा पारित आदेश के तहत संरक्षित किया गया है. यद्यपि उक्त शिवलिंग को शीर्ष न्यायालय के आदेश द्वारा संरक्षित किया गया है, लेकिन फिर भी भक्तों, भगवान शिव के भक्तों को उक्त स्थान पर पूजा करने और अनुष्ठान करने के लिए कोई प्रतिबंध नहीं है।ज्ञानवापी शिवलिंग

20 मई को न्यायालय ने अंतरिम आदेश देने का आदेश दिया था। जिसमें उसने स्पष्ट किया था कि वाराणसी कोर्ट के उस आदेश की रक्षा करने का आदेश, जहां शिवलिंग पाए जाने का दावा किया गया था, मुसलमानों को नमाज अदा और उन्हें मस्जिद में जाने के लिए को मना नहीं करेगा।

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सुप्रीम कोर्ट ने हिंदू महिलाओं द्वारा मस्जिद परिसर में देवताओं की पूजा के अधिकार की मांग वाले मुकदमे को सिविल जज जूनियर डिवीजन से वाराणसी जिला न्यायालय में ट्रांसफर कर दिया था. मामले की सुनवाई जिला कोर्ट में चल रही है। ज्ञानवापी शिवलिंग

गत 13 जुलाई को ज्ञानवापी-श्रृंगार गौरी मामले में वाराणसी की जिला अदालत में हिंदू पक्ष ने अपनी दलीलें रखीं और दावा किया कि ज्ञानवापी मस्जिद के मामले में उपासना स्थल अधिनियम लागू नहीं होता. शासकीय अधिवक्ता राणा संजीव सिंह ने बताया कि हिंदू पक्ष की ओर से अधिवक्ता हरिशंकर जैन और विष्णु जैन ने दलीलें रखीं. सिंह ने बताया कि हरिशंकर जैन ने अदालत में कहा कि इस मामले में 1991 का उपासना स्थल अधिनियम किसी भी तरीके से लागू नहीं है। ज्ञानवापी शिवलिंग

यदि कोर्ट ने इस मामले के खिलाफ कुछ फैसला नहीं लिया तो हिंदुत्व को काफी टेश पहुंचगी। क्योकि यदि उनके अल्लाह की यदि इसे कोई बेज्जती करता तो वे मरने मारने पर उतर आते। लेकिन अभी तक सरकार ने उनके खिलाफ कोई कदम नहीं उठाया है। ऐसा क्यों हो रहा है। क्या कोर्ट को पता नहीं की किसी के भगवान की इस तरह बेज्जती नहीं की जाती है। फैसला 21 जुलाई तक नहीं सुनाया गया तो हालात और खराब हो जायेगे।

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